उत्तराखण्ड
चौबट्टाखाल विकास मॉडल, कनेक्टिविटी से लेकर उच्च शिक्षा तक, जानें कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज ने जनता को सौंपे क्या-क्या बड़े प्रोजेक्ट्स

अजय सिंह विशेष संवादाता
सोमनाथ स्वाभिमान पर्व के पावन अवसर पर चौबट्टाखाल विधानसभा के पोखड़ा विकासखंड मुख्यालय में एक विशाल बहुउद्देशीय शिविर का आयोजन किया गया। क्षेत्रीय विधायक और प्रदेश के कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज ने इस शिविर का उद्घाटन करते हुए प्रशासनिक अधिकारियों को जनता की शिकायतों का मौके पर ही त्वरित निस्तारण करने के कड़े निर्देश दिए। शिविर में जनकल्याणकारी सेवाओं का लाभ देते हुए 20 दिव्यांगजनों को प्रमाण पत्र सौंपे गए, जबकि स्वास्थ्य विभाग द्वारा 150 से अधिक ग्रामीणों का निशुल्क मेडिकल चेकअप किया गया।
इस मौके पर जनसभा को संबोधित करते हुए कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज ने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में आज पूरा उत्तराखंड प्रगति के नए आयाम छू रहा है। पोखड़ा क्षेत्र में चौतरफा विकास कार्यों का जिक्र करते हुए उन्होंने जल, थल, शिक्षा और पर्यटन से जुड़ी करोड़ों की परियोजनाओं का ब्यौरा जनता के सामने रखा।
बुनियादी ढांचे और कनेक्टिविटी को रफ्तार
क्षेत्र में आवागमन को सुगम बनाने के लिए लोनिवि (PWD) और ग्रामीण निर्माण विभाग द्वारा सड़कों का जाल बिछाया जा रहा है। महाराज ने बताया कि:
राज्य सेक्टर के तहत पहले चरण में 5 मोटर मार्गों की स्वीकृति के बाद अब अगले चरण की तैयारी है। वहीं, 10 अन्य सड़कों के सुधारीकरण व डामरीकरण के लिए ₹22.35 करोड़ से अधिक का बजट मंजूर किया गया है।
जिला योजना के अंतर्गत 20 सड़क परियोजनाओं के लिए ₹3.58 करोड़ स्वीकृत किए गए हैं।
ग्रामीण निर्माण विभाग द्वारा ₹4.20 करोड़ की लागत से 3 नए मार्गों का निर्माण और ₹7 करोड़ से 7 किमी लंबे बिजोरपानी-कुण्जखाल मार्ग का कायाकल्प किया गया है।
एसडीआरएफ (SDRF) मद से स्वीकृत सभी 36 बुनियादी ढांचा योजनाएं पूरी हो चुकी हैं, जिन पर ₹1.71 करोड़ से अधिक खर्च हुए हैं।
हर घर जल और पंचायती राज का सुदृढ़ीकरण
ग्रामीणों को पेयजल किल्लत से उबारने के लिए बड़े पैमाने पर बजट जारी किया गया है:
बरसुण्डा देवता पंपिंग योजना: ₹29.83 करोड़ की इस भारी-भरकम योजना से क्षेत्र के 40 गांवों व तोकों को पानी मिलेगा।
जल जीवन मिशन: इसके तहत ₹29.60 करोड़ से अधिक की लागत से 44 गांवों में पेयजल लाइन बिछाई जा रही है, जिसमें से अधिकतर काम पूरे हो चुके हैं। इसके अलावा, पेयजल निगम ₹7.41 करोड़ से 31 से अधिक गांवों को कवर कर रहा है।
पंचायत भवन: ग्रामीण लोकतंत्र को मजबूती देने के लिए ₹2.30 करोड़ से 23 नए पंचायत भवन बनाए गए हैं और ₹84 लाख से 21 भवनों की मरम्मत की गई है।
पर्यटन, शिक्षा और खेल को बढ़ावा
क्षेत्र के युवाओं और अर्थव्यवस्था को बल देने के लिए कई महत्वपूर्ण कदम उठाए गए हैं:
चौबट्टाखाल में ₹3.08 करोड़ की लागत से 24 बेड का आधुनिक पर्यटक आवास गृह अंतिम चरण में है। साथ ही ₹70 लाख की अन्य पर्यटन योजनाएं पूरी की जा चुकी हैं।
उच्च शिक्षा के स्तर को सुधारने के लिए राजकीय डिग्री कॉलेज चौबट्टाखाल में ₹2.90 करोड़ से अधिक की लागत से एक मल्टीपर्पज हॉल और लाइब्रेरी का निर्माण चल रहा है।
प्राथमिक व माध्यमिक स्कूलों की बाउंड्रीवॉल और नए कमरों के लिए ₹3.86 करोड़ से ज्यादा की राशि स्वीकृत है।
युवाओं के लिए मुख्यालय पर ₹1.22 करोड़ की लागत से एक शानदार मिनी स्टेडियम तैयार किया गया है।
सिंचाई और स्थानीय विकास
कृषि और सिंचाई को बढ़ावा देने के लिए सिंचाई व लघु सिंचाई विभाग की ओर से ₹7.33 करोड़ से अधिक की लागत से 76 विभिन्न नहर व बाढ़ सुरक्षा योजनाओं पर काम किया गया है। इसके साथ ही देवराड़ी मल्ली में ₹1.36 करोड़ की लिफ्ट सिंचाई योजना प्रगति पर है और गया, बोरगांव व हड़कोट में चेकडैम बनाए जा रहे हैं। मंत्री ने बताया कि उनके 9 वर्षों के कार्यकाल में ₹9 करोड़ की विधायक निधि से जनहित के सैकड़ों छोटे-बड़े काम किए गए हैं। इस वर्ष भी ₹23 करोड़ की लागत से 19 किमी लंबे 3 नए मार्ग स्वीकृत किए गए हैं।
सांस्कृतिक रंग और विभागीय स्टॉल
इस बहुउद्देशीय शिविर में उत्तराखंड की समृद्ध संस्कृति की झलक भी देखने को मिली। प्रख्यात लोक गायिका पूनम सती, महिमा उनियाल, सौरव मैठाणी, श्यामलाल, सोनिया और देव क्रिएशन ग्रुप व ब्रह्म कमल सांस्कृतिक दल के कलाकारों ने ‘महाभारत चक्रव्यूह (अभिमन्यु लीला)’ और लोकगीतों की शानदार प्रस्तुतियों से समां बांध दिया।
शिविर में समाज कल्याण, कृषि, उद्यान, स्वास्थ्य, बाल विकास और यूपीसीएल (बिजली विभाग) समेत तमाम विभागों ने अपनी विकासात्मक प्रदर्शनियों के स्टॉल लगाए, जो ग्रामीणों के लिए बेहद मददगार साबित हुए।
इस भव्य कार्यक्रम के दौरान पूर्व मंत्री अमृता रावत, ब्लॉक प्रमुख संजय गोसाईं, सुयश रावत, मोहिना रावत, जिला पंचायत सदस्य बलवंत सिंह सहित भाजपा संगठन के वरिष्ठ पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि और विभिन्न विभागों के आला अधिकारी मौजूद रहे।
