उत्तराखण्ड
राष्ट्रीय शिक्षा नीति पर आठ दिवसीय अभिमुखीकरण एवं संवेदीकरण कार्यक्रम का ऑनलाइन शुभारंभ

“हल्द्वानी, 7 सितंबर। उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय (यूओयू) द्वारा राष्ट्रीय शैक्षिक योजना एवं प्रशासन संस्थान (नीपा), नई दिल्ली के सहयोग से राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) 2020 पर आधारित आठ दिवसीय अभिमुखीकरण एवं संवेदीकरण कार्यक्रम का सोमवार को ऑनलाइन शुभारंभ हुआ। 7 से 15 सितंबर तक आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम में देश के विभिन्न राज्यों से लगभग 180 शिक्षक, शोधकर्ता एवं शिक्षाविद् प्रतिभाग कर रहे हैं। कार्यक्रम के दौरान कुल 14 अकादमिक सत्र आयोजित किए जाएंगे।
उद्घाटन सत्र को संबोधित करते हुए उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. नवीन चंद्र लोहनी ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए शिक्षकों एवं शिक्षाविदों के बीच निरंतर संवाद, चिंतन और अनुभवों का आदान-प्रदान आवश्यक है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय ऐसे अकादमिक उपक्रमों के माध्यम से उच्च शिक्षा के क्षेत्र में गुणवत्तापूर्ण, समावेशी एवं प्रभावी परिवर्तन के लिए प्रतिबद्ध है।
कार्यक्रम में नीपा की कुलपति प्रो. शशिकला वंजारी का वीडियो संदेश भी प्रतिभागियों के लिए प्रसारित किया गया। उन्होंने कार्यक्रम की शैक्षणिक प्रासंगिकता पर प्रकाश डालते हुए एनईपी-2020 की परिकल्पना एवं उद्देश्यों को संस्थागत व्यवहार और कार्यप्रणाली से जोड़ने की आवश्यकता पर बल दिया।
इस अवसर पर प्रो. अमित गौतम, निदेशक, यूजीसी मालवीय मिशन शिक्षक प्रशिक्षण केंद्र, नीपा; प्रो. प्रदीप कुमार मिश्रा, बैच निदेशक, नीपा तथा डॉ. सुमन नेगी, बैच समन्वयक एवं एसोसिएट प्रोफेसर, नीपा की सहभागिता रही। यूओयू के अकादमिक निदेशक प्रो. पी.डी. पंत भी कार्यक्रम में उपस्थित रहे।
उद्घाटन सत्र के अंत में उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय, हल्द्वानी की शिक्षाशास्त्र विद्याशाखा के निदेशक एवं कार्यक्रम के स्थानीय समन्वयक प्रो. डिगर सिंह फर्स्वाण ने आभार व्यक्त किया। उन्होंने सभी अतिथियों, विशेषज्ञों, समन्वयकों एवं प्रतिभागियों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हुए आगामी आठ दिनों के अकादमिक संवाद को सार्थक, उपयोगी एवं ज्ञानवर्धक बनाने की शुभकामनाएं दीं।

















