उत्तराखण्ड
उत्तराखंड राज्य बाल कल्याण परिषद की 17वीं बैठक: बच्चों के सर्वांगीण विकास पर जोर
लोक भवन, देहरादून, 
बैठक को संबोधित करते हुए कहा गया कि हमारा यह दायित्व है कि समाज के उन बच्चों तक शिक्षा, स्वास्थ्य, संरक्षण और अवसरों की पहुँच सुनिश्चित की जाए, जिन्हें इसकी सबसे अधिक आवश्यकता है। बाल कल्याण केवल एक प्रशासनिक विषय नहीं, बल्कि संवेदनशील और समर्पित सामाजिक उत्तरदायित्व है।
प्रमुख बिंदु
बाल कल्याण केंद्रों का विकास: प्रत्येक जनपद में प्रभावी “बाल कल्याण केंद्र” स्थापित करने पर जोर।
सामाजिक सहभागिता: CSR और सामाजिक सहभागिता के माध्यम से गतिविधियों को सशक्त बनाने की योजना।
आधुनिक चुनौतियाँ: बच्चों को 21वीं सदी की चुनौतियों, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और विकसित भारत के विजन के अनुरूप तैयार करने पर विशेष बल।
बैठक में नई कार्यकारिणी का गठन भी किया गया। विश्वास व्यक्त किया गया कि नई कार्यकारिणी समर्पण और नवाचार के साथ कार्य करते हुए बाल कल्याण के क्षेत्र में सकारात्मक एवं परिणाममूलक बदलाव सुनिश्चित करेगी।

