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उत्तराखण्ड

कैंची धाम महोत्सव 2026: आरटीओ हल्द्वानी ने 850 वाहनों से शटल सेवा संचालित कर श्रद्धालुओं को सुविधाजनक परिवहन उपलब्ध कराया

 

, 15 जून 2026 — श्री कैंची धाम महोत्सव 2026 के समापन/उद्घाटन (यदि प्रासंगिक हो) के अवसर पर आरटीओ हल्द्वानी ने विशेषज्ञता के साथ व्यापक शटल सेवा व्यवस्था कर श्रद्धालुओं के सुगम आवागमन को सुनिश्चित किया। आज 15 जून को विभिन्न मार्गों से कुल लगभग 850 वाहन शटल सेवा में तैनात किए गए, जिनमें बसें, टैक्सी और मैक्सि वाहन शामिल रहे।

मुख्य व्यवस्थाएँ और संख्या

हल्द्वानी-काठगोदाम रूट: केमू की लगभग 200 बसें, परिवहन निगम की लगभग 100 बसें, ग्राफिकेरा व विभिन्न स्कूलों की कुल 50 बसें शटल सेवा में संचालित की गईं।

नैनीताल संचालन: परिवहन निगम की लगभग 75 बसें नैनीताल हेतु विशेष रूप से लगाई गईं।

भीमताल से शटल: भीमताल पार्किंग से 100 टैक्सी/मैक्सी और 50 बसों द्वारा लगभग 350 फेरे लगाए गए; इन फेरे के माध्यम से श्रद्धालुओं को भीमताल से कैंचीधाम लाया-ले जाया गया।

भवाली/सेनेटोरियम पार्किंग: 150 टैक्सी/मैक्सी और 25 बसें तैनात की गईं, जिससे नैनीताल से आने वाले श्रद्धालुओं को शटल सुविधा मिली।

अल्मोड़ा/खैरना रूट: खैरना से कैंचीधाम के लिए 200 टैक्सी/मैक्सी वाहन लगाए गए।

कुल संख्या: आरटीओ हल्द्वानी द्वारा लगभग 850 वाहनों से शटल सेवा प्रदान की गई।

प्रशासनिक व्यवस्थाएँ और निर्देश

परिवहन विभाग, हल्द्वानी संभाग ने इस सेवा को संचालित करने हेतु लगभग 100 अधिकारियों व कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई। संचालन का समन्वय संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रशासन) डा. गुरदेव सिंह तथा संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) अरविन्द पांडेय द्वारा किया गया।

सभी वाहनों और चालकों की जांच कराई गई तथा निर्धारित किराए पर ही यात्रियों को सेवा उपलब्ध कराई गई।

चालकों को श्रद्धालुओं के साथ विनम्र व्यवहार करने, कचरा वाहन के डस्टबिन में डालने के लिए प्रोत्साहित करने और सड़क पर कचरा न फेंकने के लिए निर्देशित किया गया।

सहयोगी अधिकारी और योगदान

आरटीओ हल्द्वानी ने महोत्सव के सफल संचालन हेतु एआरटीओ प्रवर्तन काशीपुर संदीप वर्मा, एआरटीओ प्रवर्तन रुद्रपुर नवींन सिंह, एआरटीओ प्रशासन रामनगर सुरेन्द्र सिंह, एआरटीओ प्रवर्तन हल्द्वानी जितेन्द्र कुमार सहित परिवहन कर अधिकारी नंदन सिंह, मुकुल अग्रवाल, रमेश सुनेजा, पवन कुमार, अनिल कुमार, सचिन अग्रवाल व अन्य विभागीय कर्मचारियों का उल्लेखनीय योगदान बताया।

प्रभाव और उद्देश्य

व्यापक शटल व्यवस्था से श्रद्धालुओं को समय पर और सुरक्षित परिवहन सुनिश्चित हुआ, जिससे महोत्सव में आने-जाने में आसानी बनी और वाहन भीड़ एवं पार्किंग संबंधी समस्याओं में कमी आई। प्रशासन ने कहा कि यह पहल महोत्सव को व्यवस्थित और पारदर्शी तरीके से संचालित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

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