उत्तराखण्ड
ज्योलिकोट में जल जनित रोगों की रोकथाम को स्वास्थ्य विभाग अलर्ट



निजी चिकित्सालयों को प्रतिदिन मरीजों की रिपोर्ट उपलब्ध कराने के निर्देश
नैनीताल, 08 सितंबर 2026। ज्योलिकोट क्षेत्र में जल जनित रोगों की रोकथाम एवं प्रभावी नियंत्रण को लेकर स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह अलर्ट है। क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं, सर्वेक्षण एवं निगरानी की लगातार समीक्षा की जा रही है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. रश्मि पंत ने जनपद के सभी निजी चिकित्सालयों को जल जनित रोगों से संबंधित भर्ती मरीजों की दैनिक रिपोर्ट स्वास्थ्य विभाग को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही आयुष्मान कार्ड के अंतर्गत भर्ती मरीजों की सूचना भी प्रतिदिन उपलब्ध कराने को कहा गया है।
क्षेत्रवासियों को विशेषज्ञ चिकित्सकीय सेवाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ज्योलिकोट में निजी चिकित्सालयों के फिजिशियन एवं गैस्ट्रोएंटेरोलॉजिस्ट विशेषज्ञ चिकित्सकों की सेवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार 09 सितंबर को नीलकंठ हॉस्पिटल, 10 सितंबर को उजाला सिग्नस, 11 सितंबर को साई हॉस्पिटल, 12 सितंबर को सिटी हॉस्पिटल एंड रिसर्च सेंटर, 13 सितंबर को चंदन हॉस्पिटल तथा 15 सितंबर को पुनः उजाला सिग्नस के विशेषज्ञ चिकित्सक पीएचसी ज्योलिकोट में अपनी सेवाएं देंगे।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. रश्मि पंत ने क्षेत्रवासियों से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ज्योलिकोट पहुंचकर विशेषज्ञ चिकित्सकीय सेवाओं का लाभ उठाएं। उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार के स्वास्थ्य संबंधी लक्षण दिखाई देने पर उपचार में देरी न करें और समय पर चिकित्सकीय परामर्श लें।
स्वास्थ्य विभाग की टीमों द्वारा ज्योलिकोट क्षेत्र में 114 घरों का सर्वेक्षण किया गया। इस दौरान लोगों को जल जनित रोगों से बचाव के उपायों के संबंध में स्वास्थ्य शिक्षा दी गई और आवश्यक स्क्रीनिंग की गई। बीमार पाए गए लोगों को चिकित्सालय जाकर चिकित्सकीय परामर्श एवं उपचार लेने की सलाह दी गई। जरूरत के अनुसार टीमों द्वारा ओआरएस एवं जिंक का वितरण भी किया गया।
क्षेत्र में आयोजित स्वास्थ्य शिविरों के दौरान मंगलवार को 206 लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण कर आवश्यक दवाओं का वितरण किया गया। वहीं, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ज्योलिकोट में 92 लोगों की जांच की गई, जिनमें से 11 लोगों को चिकित्सकीय निगरानी एवं उपचार के लिए भर्ती किया गया है।
स्वास्थ्य सेवाओं एवं निगरानी को और प्रभावी बनाने के लिए गांजा, वीरभट्टी, बेलवाखान, सरियाताल, ज्योलिकोट, भल्यूटी एवं चोपड़ा क्षेत्रों में स्वास्थ्य शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। प्रभावित क्षेत्रों में स्वास्थ्य विभाग की टीमें नियमित सर्वेक्षण, स्क्रीनिंग, स्वास्थ्य शिक्षा तथा आवश्यक उपचारात्मक सेवाएं उपलब्ध करा रही हैं।
इस दौरान जिला सर्विलेंस अधिकारी डॉ. मनोज कांडपाल, नोडल अधिकारी डॉ. हेमंत मर्तोलिया, स्वतिशील गुरानी, नंदन कांडपाल आदि उपस्थित रहे।
चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग
जनपद नैनीताल

















