उत्तराखण्ड
राज्यपाल ने कहा — नैनीताल आने वाले पर्यटकों को किसी भी तरह की असुविधा स्वीकार्य नहीं

एसएसपी डॉ. मंजूनाथ ने बताया कि जिला पुलिस ने अपराध नियंत्रण, सामुदायिक पुलिसिंग और आपातकालीन प्रतिक्रिया तंत्र में महत्वपूर्ण सुधार किए हैं। सीसीटीवी निगरानी, मोबाइल पेट्रोलिंग और विशेष टास्क फोर्स के माध्यम से सुरक्षा कवरेज बढ़ाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि हालिया अभियानों से अपराध दर में गिरावट आई है और त्वरित प्रतिक्रिया व्यवस्था से घटनाओं पर नियंत्रण बेहतर हुआ है।
चर्चा के दौरान यातायात दबाव, पर्यटन के समय बढ़ती भीड़, कुछ दूरस्थ क्षेत्रों में सीमित संसाधन और अनियमित पार्किंग जैसी चुनौतियाँ उभरीं। एसएसपी ने बताया कि इन समस्याओं के समाधान के लिए पुलिस व जिला प्रशासन के बीच समन्वय बढ़ाया जा रहा है और आवश्यकता अनुसार अतिरिक्त जवान, मोबाइल चेक-पॉइंट व पेट्रोलिंग पॉइंट तैनात किए जा रहे हैं।
पर्यटन सीजन के लिए विशेष तैयारियों का भी ब्यौरा दिया गया। मुख्य मार्गों पर ट्रैफिक मैनेजमेंट प्लान लागू किया जा रहा है, जाम रोकने के लिए मार्ग-निर्देश व सिग्नलिंग सुदृढ़ किए जा रहे हैं, और अतिक्रमण व अनियमित पार्किंग पर कड़ा नियंत्रण रखा जाएगा। साथ ही टूरिस्ट हेल्प डेस्क, आपातकालीन चिकित्सा व्यवस्था और सूचना कियोस्क/साइनेज के माध्यम से पर्यटकों को आवश्यक मार्गदर्शन व सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।
राज्यपाल ने स्पष्ट निर्देश दिए कि नैनीताल आने वाले पर्यटकों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो एवं उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि peak season के दौरान भीड़ प्रबंधन और यातायात व्यवस्था की नियमित निगरानी व समय-समय पर रिपोर्टिंग आवश्यक है। जिला प्रशासन व पुलिस ने आश्वासन दिया कि दिए गए निर्देशों का सख्ती से पालन किया जाएगा और आवश्यक समन्वय कर पर्यटकों की सुविधा सुनिश्चित की जाएगी।
