उत्तराखण्ड
सुरक्षित ईंधन, सुरक्षित जीवन अभियान: पिथौरागढ़ न्यायालय परिसर में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित

माननीय उत्तराखण्ड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार एवं माननीय जिला जज/अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, पिथौरागढ़ धनंजय चतुर्वेदी की अध्यक्षता में शुक्रवार को जनपद न्यायालय परिसर पिथौरागढ़ में “सुरक्षित ईंधन, सुरक्षित जीवन अभियान” का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य आमजन को ईंधन संरक्षण, पर्यावरण सुरक्षा एवं स्वस्थ जीवनशैली के प्रति जागरूक करना रहा।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला जज धनंजय चतुर्वेदी ने कहा कि वर्तमान समय में ऊर्जा संसाधनों का संरक्षण अत्यंत आवश्यक हो गया है। प्रत्येक नागरिक को ईंधन बचत को अपनी दैनिक जीवनशैली का हिस्सा बनाना चाहिए। उन्होंने बताया कि अभियान के अंतर्गत न्यायिक अधिकारियों, अधिवक्ताओं एवं कर्मचारियों से सप्ताह में दो दिन, विशेष रूप से सोमवार एवं शनिवार को पैदल अथवा साइकिल से न्यायालय आने का अनुरोध किया गया है।
उन्होंने दूरस्थ क्षेत्रों से आने वाले लोगों से साझा वाहनों के उपयोग की अपील करते हुए कहा कि इससे ईंधन की बचत के साथ-साथ प्रदूषण में भी कमी लाई जा सकती है। अभियान को व्यवहारिक रूप से अपनाते हुए न्यायिक अधिकारी, अधिवक्तागण एवं कर्मचारी शनिवार को भाटकोट तिराहे से पैदल चलकर न्यायालय परिसर पहुंचे। इस दौरान यह संदेश भी दिया गया कि नियमित पैदल चलना स्वास्थ्य के लिए लाभकारी होने के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण में भी सहायक है।
कार्यक्रम में मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट सुमन, सिविल जज (सी०डि०) रमेश चन्द्र, सिविल जज (जू०डि०) शिव सिंह, जिला बार एसोसिएशन अध्यक्ष मोहन चन्द्र भट्ट, चीफ लीगल डिफेंस काउंसिल स्टाफ, पैनल अधिवक्तागण एवं न्यायालय कर्मचारी उपस्थित रहे।
