उत्तराखण्ड
काली नदी की स्वच्छता पर डीएम सख्त, एसटीपी संचालन व अपशिष्ट प्रबंधन ने की गहन समीक्षा,,
जिला गंगा संरक्षण समिति की मासिक बैठक में समयबद्ध क्रियान्वयन के निर्देशराष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन के मानकों पर जोर, लापरवाही बर्दाश्त नहीं
पिथौरागढ़, 25 फरवरी 2026: जिलाधिकारी आशीष कुमार भटगाई की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में जिला गंगा संरक्षण समिति (DGC) की मासिक बैठक आयोजित हुई। राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन के तहत जनपद में चल रहे सीवरेज, एसटीपी व अपशिष्ट प्रबंधन कार्यों की विस्तृत समीक्षा की गई।जिलाधिकारी ने 5.0 MLD व 1.25 MLD क्षमता वाले एसटीपी के प्रदर्शन की जाँच की और सभी संयंत्रों को निर्धारित मानकों पर चलाने के निर्देश दिए। सीवरेज अवसंरचना, यूवी ट्रीटमेंट व एफ्लुएंट गुणवत्ता की नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने को कहा।धारचूला, बेरीनाग, गंगोलीहाट, डीडीहाट व मुनस्यारी में प्रस्तावित/निर्माणाधीन एसटीपी, को-ट्रीटमेंट प्लांट, सीवर लाइन विस्तार व 20+ कमरों वाले होटलों को जोड़ने की प्रगति पर चर्चा हुई। नगर निकायों को समयबद्ध कार्ययोजना बनाने के आदेश।काली नदी जल गुणवत्ता की सैंपलिंग, बायो-मेडिकल वेस्ट प्रबंधन, अस्पताल निरीक्षण, घाट स्वच्छता व डोर-टू-डोर कूड़ा निस्तारण को मजबूत करने पर बल। सिंगल यूज प्लास्टिक प्रतिबंध व डंपिंग साइट चिन्हांकन की भी समीक्षा।डीएम ने चेतावनी दी- स्वच्छता व पर्यावरण संरक्षण में लापरवाही बर्दाश्त नहीं। बैठक में प्रभागीय वनाधिकारी आशुतोष सिंह, एसएसबी, आईटीबीपी व अन्य अधिकारी मौजूद।






























