Connect with us

उत्तराखण्ड

हल्द्वानी ट्रांसपोर्ट नगर में व्यापारियों का नगर निगम टैक्स नोटिस के खिलाफ उग्र प्रदर्शन,,

पवनीत सिंह बिंद्रा
हल्द्वानी, 29 मार्च 2026: हल्द्वानी के ट्रांसपोर्ट नगर क्षेत्र में व्यापारियों ने नगर निगम द्वारा जारी टैक्स नोटिस के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। अध्यक्ष प्रदीप सब्बरवाल और महामंत्री खीमा नंद शर्मा के नेतृत्व में सैकड़ों व्यापारियों ने सड़कों पर उतरकर नारेबाजी की और नगर निगम प्रशासन पर पूर्व वादे तोड़ने का आरोप लगाया। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द राहत नहीं मिली तो ‘आर पार का आंदोलन’ छेड़ा जाएगा।
पूर्व सरकार के वादे पर सवाल, 7 वर्ष में ही नोटिस
व्यापारियों का कहना है कि पूर्ववर्ती सरकार ने ट्रांसपोर्ट नगर सहित नए जुड़े वार्डों में 10 वर्ष तक कोई नगर निगम टैक्स न लेने का स्पष्ट वादा किया था। लेकिन अब मात्र 7 वर्ष बीतते ही व्यापारियों को भारी-भरकम टैक्स नोटिस थमाए जा रहे हैं, जिससे आर्थिक दबाव बढ़ रहा है। अध्यक्ष प्रदीप सब्बरवाल ने कहा, “हमने विकास के नाम पर विश्वास किया, लेकिन अब वादाखिलाफी हो रही है। नगर निगम का यह रवैया असहनीय है।”
प्रदर्शन की रूपरेखा और मांगें
आज दोपहर ट्रांसपोर्ट नगर में आयोजित सभा में व्यापारियों ने नारे लगाए और एक ज्ञापन तैयार किया, जो जल्द ही उच्च अधिकारियों को सौंपा जाएगा। मुख्य मांगें इस प्रकार हैं:
नए वार्डों में 10 वर्ष तक टैक्स छूट का पालन।
अनावश्यक नोटिस वापस लेना।
व्यापारियों से पूर्वानुमति लिए बिना कोई कार्रवाई न करना।
महामंत्री खीमा नंद शर्मा ने चेताया, “यदि सरकार और नगर निगम ने वादे पूरे नहीं किए तो व्यापारी संगठन पूरे हल्द्वानी में आंदोलन फैलाएंगे।”
प्रमुख नेता और व्यापारी उपस्थित
प्रदर्शन में प्रांतीय उद्योग व्यापार मंडल के जिलाध्यक्ष विपिन गुप्ता सहित बड़ी संख्या में नेता शामिल हुए। मुख्य उपस्थित सदस्य:
कश्मीरी लाल साहनी
इंद्र कुमार भूटियानी
जिला महामंत्री हर्ष वर्द्धन पांडे
नगर महामंत्री मनोज जायसवाल
प्रचार मंत्री संदीप सक्सेना
हाजी मंसूर खान
पंकज बोरा
राजेश पूरी
भास्कर त्रिपाठी
हरीश कपिल
शकर भूटियानी
उपेंद्र ओली
हरीश मठपाल
जसपाल मालदार
लक्ष्मण सिंह नेगी
विशाल जुनेजा
मुकेश खन्ना
दीपक कपिल
विक्की भाटिया
दर्शन सिंह खेतवाल
एन के पंत
व्यापारियों पर प्रभाव और भविष्य की चिंताएं
ट्रांसपोर्ट नगर हल्द्वानी का प्रमुख व्यावसायिक केंद्र है, जहां सैकड़ों ट्रांसपोर्टर, लॉजिस्टिक्स और अन्य व्यवसाय चलते हैं। टैक्स नोटिस से व्यापारियों की लागत बढ़ रही है, जो पहले से ही महंगाई और ट्रैफिक समस्याओं से जूझ रहे हैं। जिला अध्यक्ष विपिन गुप्ता ने कहा, “यह केवल टैक्स का मुद्दा नहीं, बल्कि व्यापारियों के विश्वास का सवाल है।” प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहा, लेकिन व्यापारी संगठनों ने कहा कि यदि बात नहीं बनी तो अनिश्चितकालीन धरना दिया जाएगा।

Ad

More in उत्तराखण्ड

Trending News

Follow Facebook Page