उत्तराखण्ड
डॉ. अम्बेडकर जयंती पर वेबिनार में अधिकारों व सामाजिक न्याय पर मंथन,,
हल्द्वानी,,उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय, राजकीय महाविद्यालय गणाई गंगोली (पिथौरागढ़) तथा श्री राम सिंह धौनी राजकीय महाविद्यालय, जैंती (अल्मोड़ा) के राजनीति विज्ञान विभागों ने डॉ. भीमराव अम्बेडकर जयंती के अवसर पर “We the People: Ambedkar’s Idea of Rights and Social Justice” विषय पर एक दिवसीय संयुक्त ऑनलाइन वेबिनार का सफल आयोजन किया।
इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य संविधान में निहित समानता, न्याय और गरिमा जैसे मूल्यों के संदर्भ में डॉ. अम्बेडकर के विचारों को समझना तथा उनकी समकालीन समाज में प्रासंगिकता पर चर्चा करना रहा। कार्यक्रम में 100 से अधिक प्रवक्ता, शोधार्थी एवं छात्र–छात्राओं ने सक्रिय भागीदारी की।
वेबिनार के मुख्य वक्ता माननीय उच्चतम न्यायालय के अधिवक्ता डॉ. योगेश मीना ने अपने व्याख्यान में “We the People” की अवधारणा को एक जीवंत संकल्प के रूप में प्रस्तुत किया और बताया कि सामाजिक न्याय केवल संवैधानिक प्रावधानों तक सीमित नहीं, बल्कि समाज की संरचना, सोच और व्यवहार में परिवर्तन से जुड़ा हुआ है। उन्होंने यह भी बल दिया कि बदलती सामाजिक चुनौतियों के बीच अम्बेडकर के विचार वर्तमान में और भी अधिक प्रासंगिक हो गए हैं।
प्रश्नोत्तरी सत्र में प्रतिभागियों ने अधिकारों की व्याख्या, समानता के सिद्धांत, सामाजिक न्याय एवं वर्तमान संदर्भों पर विविध प्रश्न पूछकर संवाद को और अधिक ज्ञानवर्धक बनाया। विशेष उल्लेखनीय रही कार्यक्रम की संरक्षण–मार्गदर्शन टीम, जिसमें सोबन सिंह जीना विश्वविद्यालय, उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय और उच्च शिक्षा निदेशालय के अधिकारी तथा निदेशक मंडल के सदस्यों का योगदान रहा।
कार्यक्रम के संयोजन में सुश्री शीतल आर्या, डॉ. घनश्याम जोशी, डॉ. लता जोशी, डॉ. आरुषि हिंवाली शुक्ला और श्री शुभांकर शुक्ल सहित समस्त आयोजन समिति के सदस्यों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इस वेबिनार ने न केवल शैक्षिक संवाद का मंच बनकर अम्बेडकर–विचारों को नवजीवन दिया, बल्कि प्रतिभागियों को सामाजिक न्याय के मूल्यों को व्यवहारिक जीवन में आत्मसात करने हेतु भी प्रेरित किया।

















